Made with  in India

Buy PremiumDownload Kuku FM

Part 5

Share Kukufm
Part 5 in  | undefined undefined मे |  Audio book and podcasts
609Listens
हमारी अधूरी कहनी एक ऐसे इश्क़ की कहानी है जो इश्क़ चाह कर भी पूरा न हो पाया, पर अफसोस कुछ कहानियों वहीं से शुरू होती है जहां उनका अंत होता है writer: अर्पित वगेरिया Voiceover Artist : Mohil Author : Arpit Vageriya
Read More
Transcript
View transcript

अरमान भी कर दरबदर घर पहुंचा । उसने अपने कपडे उतारे और साडी के कमरे का गीजर चला दिया । ये उन कुछ दिनों में से एक दिन था जब है उसके बाद तब में नहाने का आनंद उठा सकता था । तब को पूरी तरह भरने में कुछ मिनट लगे । बिजली लगातार गरज नहीं नहीं हाइवे पर खुले शीशे वाले तेजी से रफ्तार भर्ती कार में जिस तरह की आवाज नहीं पडती है ठीक उसी तरह की आवाज आ रही थी । सलमान ने बाथटब के अंदर घुसने से पहले अपने लिए एक कप कॉफी बनाई और उसे ठीक कब के पास रखा है, ऐसा लग रहा था की कोई रोमांटिक डेट तय हुई हो और मैं उसके साथ जितना चाहेगा उतना वक्त बताएगा । उसमें यूट्यूब खोला और अमित तिवारी के गाने बजाने शुरू किए जो उसे हमेशा तरोताजा कर देते हैं । अरमान ने में बॉडी वर्ष खोला जो साडी ने इस्तेमाल किया था । जैसे ही उसने उसे खोला पूरे बातों में उस की खुशबू फैल गई । उस की खुशबू कुछ महिलाओं के बॉडी वर्ष की तरह थी लेकिन निश्चित तौर पर बहुत अच्छी थी । मैं जानता था कि सैंडी को ऐसी महंगी चीजें खरीदना पसंद है । उसने तय किया कि वह बार ट्रम से निकलने के बाद शादी को फोन करेगा और यह पता करेगा कि वह पहुंचाया नहीं टब में गिरते पानी की आवाज सुन पा रहा था । उसने रोशनी धीमी कर दी और सारा के बारे में सोचने के लिए अपनी आंखे बंद कर ली । उस अहसास में कुछ कामुकता थी और मैं इस सुखद अनुभूति मैं डूब गया । इस सप्ताहांत से पहले मैं सोच भी नहीं सकता था कि उसके साथ ऐसा हो सकता है । ना ही रहे इस बात की कल्पना कर सकता था कि रहे अपनी पहली मुलाकात के बाद ही किसी के बारे में इतना सोच सकता है । उसके जीवन में उसे अपने लिए कोई समय नहीं दिया था । कम से कम हाल फिलहाल प्रेम संबंध बनाना चाहता था । गंभीर संबंध लेकिन उसने देखा था कि उसके दोस्तों के प्रेमिकाओं उनको जब कोई और पसंद आ जाता तो वहाँ उसके दोस्तों को छोड देती थी और उसके बाद जो नतीजे होते थे मैं उनसे डरता था । उसने जहाँ तक गुणाभाग करके देखा था तो ना समझ गया था कि उसका जो रहन सहन है किसी से भी लंबे समय तक संबंध बनाकर नहीं रख सकता । लेकिन सारा से मिलने के बाद उसे लगा कि यही वह लडकी है तो हर तरह से अच्छी थी और उससे खुश रखने में है । जो भी समय लगाया गया प्रयास करेगा, हिस्सा बेमानी नहीं होगा । उसे अस्वीकार किए जाने की संभावनाओं पर भी विचार करना होगा और सोचना होगा कि वह भले ही कितना भी सहज होने की कोशिश क्यों ना करें तब क्या होगा? फिर जानता था की ये उसके लिए करारा झटका होगा । इस सप्ताहांत उससे ना केवल अपने व्यस्त कार्यक्रम से कुछ छूट की जरूरत थी बल्कि इसका उसके भविष्य से और कैसे उसका जीवन बदल जाएगा, इन सब से भी लेना देना था । भविष्य तो अभी अपना प्रभाव छोडने वाला था लेकिन निश्चित तौर पर मैं इस तरह का जीवन नहीं देना चाहता था । जिस तरह रहता से जी रहा था जब से उसने टेलीविजन के लिए लिखना शुरू किया था । अगर मैं वास्तव में अपनी जिंदगी के धरे को बदलना चाहता था तो वह अभी इसकी शुरुआत कर सकता है । नहाते हुए उसमें कॉफी की एक जिसकी ली और सैंडी के बारे में सोचा, उसने उससे बहुत अधिक संबंध नहीं बनाए रखने पर अपराधबोध महसूस किया । लेकिन उसके बाद किराये की बाहर उसके दिमाग में आई तीस हजार रुपये महीने का किराया उसे अकेला देना पडेगा । कम से कम जब तक सैंडी वापस नहीं आ जाता तब तक काफी कठिन बाद है । मैं वहाँ रहने को लेकर असमंजस में था । ये सब सोचने के वायवे घबरा गया । उसने मन ही मन सोचा कि काश मैं समय का पहिया वापस कमा सकता और अभी जो कुछ हुआ वह सब बता पाता । उसने इससे पहले कभी अपने को सैंडी के इतना नजदीक नहीं पाया था । सही बात है उसने वास्तव में कभी सोचा ही नहीं था कि साडी के जीवन में क्या कुछ चल रहा है । सच तो यह है कि वह आम तौर पर उसके बारे में सोचता ही नहीं था । उससे भी अजीब बात ये थी कि अभी उसी दिन किसी से मिला था और उसके बारे में सोचे बिना नहीं रह पा रहा था । सारा के साथ कुछ वक्त बिताने के बाद वह सोचने लगा कि जो है अपने जीवन में क्या कुछ कमा रहा है । सारा के साथ हुई बातें बार बार उसके जहन में आ रही थी । मैं उत्साहित था लेकिन व्याकरण भी था । लेकिन अब उसके अगली बार मिलने के लिए ले केवल शाम होने का इंतजार ही कर सकता था । हालांकि तब उसके औपचारिक स्थान पर मिलेगा । मैं उसको अपने दिमाग से निकाल ही नहीं पा रहा था । लंबे समय बाद मैं ऐसी स्थिति से गुजर रहा था तो क्या कर सकता हूँ । उसे समझा रहा था कि वह कुछ भी नहीं कर सकता । मैं उससे जल्द से जल्द मिलना चाहता था और शाह बहुत दूर नजर आ रही थी । इसीलिए उसमें तुरंत अपना फोन उठाया । अरमान ने संदेश भेजा तो आप दिन में क्या कार्यक्रम है और जैसे ही संदेश उस तक पहुंचा उसे दुख हुआ कि आखिर उसने वह संदेश क्यों भेज दिया । उसने सोचा कि अगर है इतनी तेजी से आगे बढेगा तो बहुत बेताब नजर आएगा । उसने तुरंत दूसरा संदेश टाइप की और भेज दिया और साढे मैं ये संदेश किसी और को भेज रहा था । तभी फोन में आगाज हुई और सारा का संदेश दिखाई पडा । कुछ खास नहीं बहुत बारिश हो रही है इसलिए मैं ऑफिस भी नहीं जा रही हूँ । आप क्या कर रहे हैं? अरमान को अपना दूसरा संदेश भेजने पर दुख हुआ । उसको दूसरा संदेश दिखाई पडा हो । सारी कोई बात नहीं । आप अपना कार्यक्रम जारी रखें । बहुत अच्छा मौसम है आपका । जरूर आपने गल्फ इनके साथ कार्यक्रम होगा । अरमान ने लिखा और भेज दिया । कहा मेरी भी कोई गर्लफ्रेंड होती सहारा ने संदेश भेजा और अरमान को अनुभव हो गया था कि पलट कर यह संदेश आएगा क्या अब समलैंगिक है? ऐसे नहीं नहीं ऍफ है । कहना चाहता था कि मेरी कोई गर्लफ्रेंड नहीं है, मैं अकेला ही हूँ । लेखन के साथ प्रेम सम्बन्ध बनाने का व्यक्ति का मिलता है क्या? लेखन आपको नीरज बना देता है ही नहीं, ऐसा नहीं है । मैंने हाल फिलहाल इस बारे में सोचा ही नहीं । आप बताइए आपका क्या मामला है? आपका अपने बॉयफ्रेंड के साथ कोई कार्यक्रम क्यों नहीं है? अरमान ने संदेश भेजकर ये सारी बातें पूछ डाली और बेसब्री से उसके जवाब का इंतजार करने लगा । अगले कुछ मिनटों तक उसका जवाब नहीं आया और उसने इस दौरान कम से कम पांच बार अपना मोबाइल नेटवर्क पर इनबॉक्स की पड तार का डाली बहुत बेकार आई से उसके संदेश का इंतजार कर रहा था । अरमान ने संदेश भेजा साडी अगर मैंने आपसे कुछ अनुचित पूछ डाला हूँ और लगभग मान ही बैठा की सहारा नहीं, उसे अपनी जिंदगी से निकाल दिया है । उसके दिमाग के घोडे तेजी से दौड रहे थे । उसने लम्बी फॅमिली लेकिन उससे भी उसे कोई सहायता नहीं मिली । उसने महसूस किया कि उसने बहुत बडा अपराध कर दिया है । भगवान जाने में क्या सोचने लगा था? उसने सोचा वो डब से नग्न बाहर निकल आया और एक तौलिये से अपने शरीर को पोषणा लगा तो उसने सोचा कि फोन करेगा और सब कुछ ठीक कर लेगा । काफी समय पहले जब मैं पहली बार प्रेम में पडा था तब उसके अंदर जैसी अनुभूति हुई थी, उसी तरह उसे अभी भी महसूस हो रहा था । ऍम नहीं । इतने रोमानी मौसम में पूरी तरह के लिए हूँ । एक साल पहले मैंने अपनी प्रेमी से नाता तोड लिया था । सहारा नहीं जवाब दिया और सारी फरमान ने जवाब दिया और राहत की सांस ली की चलो उसने जवाब तो दिया । अरे तो कीमत हो । अब मैं बहुत खुश हूँ । अकेला होने से बेहतर कुछ भी नहीं है । मजे कीजिए, सही हैं । मैं ऑफिस नहीं जा रही हूँ । लेकिन हमें अपनी मीटिंग तो करनी है । चलिए हम आसपास के किसी या फिर में मिलते हैं और इस पर गहन चर्चा करने का दिखावा करते हैं । हो सकता है की बाद में लंच भी कर ले । हाँ हा ये एक प्लान की तरह लग रहा है । अरमान ने उसके संदेश पर सहमती दे दी और बहुत खुश हो गया । उसने उत्सुकता की भावना की अनदेखी करने की कोशिश की और जैसे ही बात रूम से बाहर आया उसने अपने खुले बदन पर ठंडी हवाओं को महसूस किया । उसने तय किया कि वह इस बात का ध्यान रखेगा की जब वह सारा से मिले तो स्थिर वस्त्र क्षेत्र हैं । धीरे धीरे इस वास्तविकता को स्वीकार करने लगा हूँ कि मैं उसके प्रति आकर्षित हो रहा है । ये उसके लिए सपने जैसी स्थिति हो रही थी । ठीक है फिर एक बजे मिलेंगे । उसने कहा, और बातचीत एक स्माइली के साथ खत्म कर दी । उसे एक और संदेश मिला, ये साडी का संदेश था । मैं दिल्ली पहुंच गया । तुमने जो कुछ भी किया उन सब के लिए तो मैं धन्यवाद । उम्मीद है जल्दी ही में लूंगा । आंटी और अपना अच्छी तरह ध्यान रखना में हमेशा यही हो । तुम्हारी कमी खलती है । जल्दी मिलेंगे जो जो अरमान ने जवाब दिया तो वही एक मात्र कारण होगी कि मैं मुंबई वापस लौटने के बारे में सोचूंगा । शुक्रिया । इस बीच अगर तुम चाहो तो मेरा कोई भी सामान भेज जा के इस्तेमाल कर लेना । शानवी ने लिखा मेहमान ने अपना फोन किनारे रखा और अपनी अलमारी पर नजर डालें । उसने एक के बाद एक कपडे पहनकर देखने शुरू कर दिया कि सारा से मिलते समय किन कपडा है । सबसे अच्छा दिखाई पडेगा । अपनी अलमारी को छोडकर बॅाल मारी की तरह पडा उसने बिल्ली टी शर्ट पसंद ही जिस पाॅइंट था भई उसे हमेशा सबसे अधिक पसंद नहीं सुनी है । मेरा कुछ बात है मैं आप कोई घंटे में फोन करूंगी हो । सारा ने संदेश भेजा तो उसने जवाब दिया मैं इंतजार करूंगा । बहुत उत्सव था, बहुत ज्यादा था और सबसे बडी बात कि जैसे जैसे वक्त बीतता जा रहा था वैसे वैसे रहे सारा के प्यार में डूबता जा रहा था । इस बीच उसने फेसबुक पर सारा को देखना शुरू कर दिया था । हर बताना नहीं होगा कि हर दो मिनट में रह रहे कर अपना फोन देख रहा था, खाई लेते हैं ।

Details
हमारी अधूरी कहनी एक ऐसे इश्क़ की कहानी है जो इश्क़ चाह कर भी पूरा न हो पाया, पर अफसोस कुछ कहानियों वहीं से शुरू होती है जहां उनका अंत होता है writer: अर्पित वगेरिया Voiceover Artist : Mohil Author : Arpit Vageriya
share-icon

00:00
00:00